Rewari News रेवाड़ी । हरियाणा के रेवाड़ी में रविवार को एक ऐसी शादी हुई, जिसने न केवल दो परिवारों को जोड़ा, बल्कि हरियाणा की राजनीति में भी हलचल पैदा कर दी। (Rewari News) इसमें सबसे बड़ा नाम उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव का रहा। वे अपनी भांजी डॉ. श्वेता की शादी में ‘भात’ भरने के लिए विशेष रूप से रेवाड़ी पहुंचे थे। लेकिन इस पारिवारिक मिलन के बीच अखिलेश ने अहीरवाल की धरती से जो सियासी हुंकार भरी, उसके चर्चे अब पूरे प्रदेश में हो रहे हैं। Akhilesh Yadav Rewari Visit, Ahir Regiment Demand, Dr. Shweta Wedding
अहीरवाल का मुख्यमंत्री और अहीर रेजिमेंट: अखिलेश का बड़ा बयान
रेवाड़ी पहुंचने पर मीडिया से बात करते हुए अखिलेश यादव ने हरियाणा की राजनीति की सबसे दुखती रग पर हाथ रख दिया। उन्होंने कहा कि, अहीरवाल का क्षेत्र ही हरियाणा में सरकारें बनाता और गिराता है, इसलिए यह न्यायसंगत होगा कि, हरियाणा का मुख्यमंत्री भी अहीरवाल से ही हो। Haryana CM from Ahirwal, PDA Formula Haryana
यही नहीं, उन्होंने वर्षों पुरानी ‘अहीर रेजिमेंट’ की मांग का भी पुरजोर समर्थन किया। अखिलेश ने चुटकी लेते हुए कहा, “हम अहीर रेजिमेंट के पक्ष में हमेशा रहे हैं। इसके साथ ही गुजरात रेजिमेंट भी बननी चाहिए, क्योंकि वहां के लोग सेना में कम संख्या में जाते हैं।” अखिलेश का यह बयान आज सबसे ज्यादा वायरल हो रहा है।
मुलायम परिवार और रेवाड़ी का ‘खूनी’ रिश्ता
अखिलेश यादव का रेवाड़ी आना महज एक राजनीतिक दौरा नहीं था, बल्कि यह उनके परिवार की जड़ों से जुड़ा मामला है।
बुआ का घर: अखिलेश के पिता स्व. मुलायम सिंह यादव की चचेरी बहन कुसुमलता की शादी रेवाड़ी के नंदरामपुर बास गांव में एडवोकेट महेंद्र सिंह से हुई थी।
रिश्तेदारी की डोर: कुसुमलता की बेटी संगीता की शादी बूढ़पूर निवासी सुखबीर सिंह यादव से हुई। आज उन्हीं की बेटी यानी अखिलेश की भांजी डॉ. श्वेता की शादी डॉ. ऋषभ से संपन्न हुई।
पहली बार आगमन: अखिलेश के भांजे डॉ. विराटवीर ने बताया कि नाना मुलायम सिंह तो अक्सर यहां आते थे और उन्होंने ही 2017 में अस्पताल का उद्घाटन किया था, लेकिन अखिलेश यादव पहली बार अपनी बुआ के घर आए हैं।
PDA फार्मूला और इंडिया गठबंधन की रणनीति
अखिलेश ने रेवाड़ी की धरती से बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि, वे चाहते हैं कि हरियाणा में भी उत्तर प्रदेश और बिहार की तरह PDA (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) फार्मूला लागू हो। उन्होंने कहा कि जब ये वर्ग एक साथ आएंगे, तभी सत्ता का सही संतुलन बनेगा।
जातीय जनगणना: अखिलेश ने आरोप लगाया कि, मोदी सरकार जनगणना से भाग रही है क्योंकि इससे जातियों की असल संख्या उजागर हो जाएगी।