Rewari News/Rewari Municipal Election 2026 रेवाड़ी । अहीरवाल की राजधानी रेवाड़ी और औद्योगिक कस्बे धारूहेड़ा में 10 मई को होने वाले नगर निकाय चुनावों के लिए बिसात बिछ चुकी है। लेकिन जैसे ही भाजपा और कांग्रेस ने अपने सेनापतियों (चेयरमैन उम्मीदवारों) के नाम घोषित किए, दोनों खेमों में ‘अंतर्कलह’ की आग भड़क उठी है। भाजपा में जहां ‘राव बनाम संगठन’ की चर्चा तेज है, वहीं कांग्रेस में ‘टिकट के बदले नोट’ और ‘अपनों की अनदेखी’ के आरोप चुनावी गलियारों में गूंज रहे हैं। Suchitra Devi Congress Allegations, Rao Inderjit vs Captain Ajay Yadav, Dharuhera Nagar Palika Election
भाजपा में ‘राव’ की चली, पर विधायक को लगी ‘मिर्ची’?
रेवाड़ी भाजपा में हमेशा से केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह का वर्चस्व रहा है और इस बार भी टिकट वितरण में उनकी पसंद के उम्मीदवार रेवाड़ी से विनिता पीपल और धारूहेड़ा से अजय जांगड़ा पर मुहर लगी। लेकिन विवाद तब शुरू हुआ, जब विनिता पीपल ने टिकट मिलने के बाद अपने पहले ही संबोधन में स्थानीय भाजपा विधायक को पूरी तरह नजरअंदाज कर दिया। चर्चा है कि, यह गलती नहीं बल्कि सोची-समझी रणनीति है, जिसने भाजपा के भीतर चल रही ‘कोल्ड वॉर’ को सार्वजनिक कर दिया है। वहीं, वार्ड 32 में भाजपा मंडल अध्यक्ष पूनम सतीजा ने टिकट कटने पर पार्टी को ‘राम-राम’ कहते हुए निर्दलीय चुनाव लड़ने का ऐलान कर भाजपा की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।
कांग्रेस में बगावत की त्रिवेणी: सुचित्रा, शकुंतला और आशीष ने खोला मोर्चा
कांग्रेस में टिकट वितरण के तीन दिन बाद ही बगावत के तीन बड़े केंद्र बन गए हैं। इसकी शुरुआत सुचित्रा देवी के उस धमाके से हुई, जिसमें उन्होंने वीडियो जारी कर रेवाड़ी चेयरमैन पद के लिए अपनी दावेदारी पेश कर दी। सुचित्रा वही चेहरा हैं, जिन्होंने मार्च में कांग्रेस के आलाकमान पर टिकट के बदले करोड़ों लेने के आरोप लगाए थे। धारूहेड़ा में सीए आशीष ने कुमारी राज को टिकट देने पर सीधे नेतृत्व को चुनौती दी है, तो वहीं शाम होते-होते पूर्व चेयरपर्सन शकुंतला भांडोरिया ने भी चुनाव लड़ने का ऐलान कर बगावत की आग में घी डालने का काम किया है।
धारूहेड़ा में ‘अपनों’ की टक्कर: कंवर सिंह ने बढ़ाई भाजपा की धड़कनें
धारूहेड़ा में भाजपा को सबसे बड़ा झटका पूर्व चेयरमैन कंवर सिंह यादव ने दिया है। अंतिम समय तक टिकट की दौड़ में शामिल रहे कंवर सिंह ने टिकट कटते ही नामांकन दाखिल कर भाजपा के आधिकारिक उम्मीदवार अजय जांगड़ा के लिए खतरे की घंटी बजा दी है। स्थानीय लोगों का मानना है कि, कंवर सिंह का अपना एक मजबूत कैडर है, जो भाजपा के वोट बैंक में बड़ी सेंध लगा सकता है।
संगठन बनाम दिग्गज: कार्यकर्ताओं का दर्द
रेवाड़ी में भाजपा के राव इंद्रजीत और कांग्रेस के कैप्टन अजय यादव का दबदबा संगठन पर भारी पड़ता दिख रहा है। कार्यकर्ताओं के बीच अब यह दर्द महसूस किया जा रहा है कि, टिकट वितरण में वफादारी और संगठन की मेहनत के बजाय ‘बड़े नेताओं की पसंद’ को प्राथमिकता दी जा रही है। भाजपा की सूची में राव समर्थकों की भरमार और कांग्रेस में कैप्टन की सॉफ्ट कॉर्नर वाली रणनीति ने ज़मीनी कार्यकर्ताओं को हाशिए पर धकेल दिया है।