Charkhi Dadri News चरखी दादरी । जिले में धान की कटाई का सीजन शुरू होने से पहले कृषि विभाग और जिला प्रशासन ने पराली (फसल अवशेष) जलाने की घटनाओं पर पूर्ण अंकुश लगाने के लिए कमर कस ली है। जिला उपायुक्त मनदीप कौर के मार्गदर्शन में जिलेभर में एक विशेष जागरूकता और निगरानी अभियान शुरू किया जा रहा है। Stubble Burning Control Charkhi Dadri, DC Mandeep Kaur Charkhi Dadri Stubble, Agriculture Department Nodal Officer Charkhi Dadri, Dr Chandrabhan Sheoran Parali Statement
इसका मुख्य उद्देश्य पर्यावरण को सुरक्षित रखना और किसानों को पराली जलाने के बजाय इसके वैज्ञानिक प्रबंधन के लिए प्रेरित करना है। इस अभियान के तहत ग्रामीण इलाकों और किसानों तक प्रभावी संदेश पहुंचाने के लिए स्कूलों में बच्चों को पराली प्रबंधन और पर्यावरण संरक्षण पर विशेष पाठ भी पढ़ाया जाएगा। हालांकि, आप के ऊपर जुर्माना भी लग सकता है।
हर 100 किसानों पर 1 नोडल अफसर
कृषि उप निदेशक डॉ. राजेश सिहाग के अनुसार, पराली प्रबंधन व्यवस्था को जमीनी स्तर पर सख्त और पारदर्शी बनाने के लिए विशेष ‘पराली प्रोटेक्शन फोर्स’ के गठन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह प्रोटेक्शन फोर्स सीधे खेतों में जाकर पराली जलाने की घटनाओं की तुरंत रोकथाम करेगी। प्रशासनिक व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त करने के लिए हर 100 किसानों पर एक नोडल अधिकारी नियुक्त किया जाएगा। ये नोडल अधिकारी किसानों से सीधा संपर्क साधेंगे और उन्हें पराली न जलाने, बेलर जैसी आधुनिक कृषि मशीनरियों के उपयोग और अवशेष प्रबंधन की उन्नत तकनीकों की जानकारी देंगे।