World War 3 Update: डोनाल्ड ट्रंप बोले ‘पूरे ईरान को उड़ा दूंगा’, ईरानी सेना ने भी दी खुली चेतावनी; क्या शुरू हो गया महायुद्ध?

Donald Trump vs Iran News नई दिल्ली । मिडिल ईस्ट के रेगिस्तान से उठने वाली बारूद की गंध अब पूरी दुनिया की नाक तक पहुंचने लगी है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की एक ताजा और खौफनाक धमकी ने पूरी दुनिया को World War 3 के मुहाने पर खड़ा कर दिया है। ट्रंप ने साफ़ शब्दों में अल्टीमेटम दिया है कि, अगर मंगलवार की समय सीमा समाप्त होने से पहले ईरानी सरकार ने शांति समझौता नहीं किया, तो अमेरिकी सेना पूरे ईरान को उड़ा देगी। इस बयान के बाद ईरान की सेना ने भी दो टूक कह दिया है कि वे झुकेंगे नहीं और पलटवार ‘महाविनाशकारी’ होगा।

ट्रंप का 48 घंटे वाला ‘किल स्विच’ प्लान (Trump vs Iran Latest News)

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अपनी ‘अमेरिका फर्स्ट’ और ‘मैक्सिमम प्रेशर’ नीति के तहत अब तक के सबसे खतरनाक मूड में नजर आ रहे हैं। उन्होंने ईरान की सरकार को सिर्फ 48 घंटे की मोहलत दी है। ट्रंप की सबसे बड़ी मांग होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को फिर से अंतरराष्ट्रीय शिपिंग के लिए खोलना है, जिसे ईरान ने हालिया तनाव के चलते बाधित कर रखा है।

फॉक्स न्यूज और एक्सियोस को दिए अपने इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि, उनके पास ईरान के हर महत्वपूर्ण ठिकाने की लिस्ट तैयार है। उन्होंने दावा किया कि, अगर डील नहीं होती है, तो वे वहां सब कुछ राख कर देंगे। ट्रंप ने यह भी तर्क दिया कि, ईरान की अर्थव्यवस्था पहले ही ध्वस्त हो चुकी है और वहां की जनता अपनी ही सरकार के पतन का इंतजार कर रही है। राष्ट्रपति ने नागरिक जीवन के नुकसान की चिंताओं को पूरी तरह दरकिनार करते हुए इसे “जरूरी कदम” बताया है।

ईरानी सेना का ‘खतम अल-अंबिया’ अलर्ट: झुकेगा नहीं ईरान

जैसे ही ट्रंप का बयान वॉशिंगटन से तेहरान पहुंचा, ईरानी सैन्य मुख्यालयों में हलचल मच गई। ईरानी सेना की केंद्रीय सैन्य कमान, खतम अल-अंबिया (Khatam al-Anbiya) के प्रवक्ता ने टेलीग्राम के जरिए जवाबी चेतावनी जारी की। प्रवक्ता ने कहा कि, अगर अमेरिका ने ईरान के नागरिक बुनियादी ढांचे- जैसे बिजली घर, बांध, या रिहायशी इलाकों पर एक भी मिसाइल दागी, तो ईरान की जवाबी कार्रवाई का अगला चरण इतना व्यापक होगा कि, दुनिया ने पहले कभी नहीं देखा होगा।

ईरान के सरकारी ब्रॉडकास्टर IRIB ने अपनी रिपोर्ट में बताया है कि, सेना ने अपनी लॉन्ग-रेंज मिसाइलों को ‘रेडी-टू-फायर’ मोड पर रख दिया है। ईरान का यह संदेश साफ है कि, वे बातचीत की मेज पर अपनी शर्तों के साथ आएंगे, न कि अमेरिका की धमकियों के साये में।

आखिर क्यों छिड़ सकता है World War 3? (Expert Analysis)

रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि, यह विवाद अब केवल दो देशों तक सीमित नहीं रहा। इसके तीसरे विश्व युद्ध में बदलने के 3 बड़े कारण हैं।

इजरायल की सीधी एंट्री: इजरायल के प्रधानमंत्री ने पहले ही कह रखा है कि, वे ईरान को परमाणु शक्ति नहीं बनने देंगे। अगर अमेरिका हमला करता है, तो इजरायल की वायुसेना इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लेगी, जिससे पूरा मुस्लिम जगत भड़क सकता है।

रूस और चीन का रुख: ईरान के साथ रूस के गहरे सैन्य संबंध हैं। यदि अमेरिका ईरान को पूरी तरह तबाह करने की कोशिश करता है, तो रूस और चीन हाथ पर हाथ रखकर नहीं बैठेंगे। यह एक ‘ग्लोबल पावर क्लैश’ बन सकता है।

होर्मुज की घेराबंदी: दुनिया का 20% कच्चा तेल इसी रास्ते से गुजरता है। अगर ईरान इसे पूरी तरह बंद करता है या यहां जंग छिड़ती है, तो पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था एक झटके में डूब जाएगी।

Leave a Comment

New Update WhatsApp Join WhatsApp