Rajasthan News Update दौसा । राजस्थान के अन्नदाताओं के लिए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने खुशियों वाली सौगात दी है। अब प्रदेश के दौसा और करौली जिले के किसानों को भी रात के अंधेरे और कंपकंपाती ठंड में सिंचाई के लिए खेत नहीं जाना पड़ेगा। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर ऐलान किया है कि अब इन दो जिलों के किसानों को भी दिन के उजाले में बिजली (Daytime Electricity) मुहैया कराई जाएगी। (Rajasthan News)
अब 22 नहीं, 24 जिलों में दिन का उजाला और बिजली का साथ
राज्य सरकार किसानों की सुरक्षा और सुविधा को लेकर मिशन मोड में काम कर रही है। सरकार ने पहले ही 22 जिलों में दिन में बिजली देने का वादा पूरा कर दिया था, और अब इस कड़ी में दौसा (Dausa News) और करौली (Karauli Update) का नाम भी जुड़ गया है। यह फैसला राज्य के बजट 2024-25 के उस संकल्प का हिस्सा है, जिसमें लक्ष्य रखा गया है कि साल 2027 तक राजस्थान का एक भी किसान रात में सिंचाई करने को मजबूर न हो।
किसानों को क्या होगा सीधा फायदा? (Rajasthan News)
दिन में बिजली मिलने का मतलब सिर्फ रोशनी नहीं, बल्कि किसानों के जीवन में बड़ा बदलाव है।
- जंगली जानवरों से सुरक्षा: रात के अंधेरे में खेतों में अक्सर सांप, बिच्छू या अन्य जंगली जानवरों का डर बना रहता था। अब दिन में बिजली मिलने से किसान सुरक्षित महसूस करेंगे।
- कड़ाके की ठंड और बारिश से राहत: सर्दियों की रातों में गीली मिट्टी के बीच पानी लगाना किसी सजा से कम नहीं होता। अब धूप में खड़े होकर किसान आसानी से अपना काम निपटा सकेंगे।
- बेहतर पारिवारिक जीवन: रात को खेत पर रहने की वजह से किसान अपने परिवार और बच्चों को समय नहीं दे पाते थे। अब वे शाम का वक्त अपनों के साथ सुकून से बिता पाएंगे।
- बेहतर सिंचाई प्रबंधन: दिन के उजाले में पानी की बर्बादी कम होती है और किसान देख पाते हैं कि किस क्यारी में कितना पानी जा रहा है।
कैसे मुमकिन हुआ यह बदलाव? (Rajasthan News)
अचानक से दिन में बिजली देना संभव नहीं था, इसके लिए सरकार ने पिछले कुछ महीनों में जमीन पर काफी काम किया है।