Haryana GMSSSS Admission 2026 पंचकूला । हरियाणा के उन अभिभावकों के लिए बड़ी खुशखबरी है, जो अपने बच्चों को प्राइवेट स्कूलों (Haryana Education News) जैसी ‘हाई-फाई’ सुविधाएं सरकारी खर्च पर दिलाना चाहते हैं। शिक्षा निदेशालय ने राजकीय मॉडल संस्कृति स्कूलों (Model Sanskriti Schools) में नए सत्र (2026-27) के लिए दाखिले का बिगुल फूंक दिया है। राज्य के 218 वरिष्ठ माध्यमिक और 1420 प्राथमिक स्कूलों में अब खाली सीटों के लिए होड़ मचने वाली है। अगर आप भी अपने बच्चे का भविष्य संवारना चाहते हैं, तो विभाग की इस नई ‘एडमिशन पॉलिसी’ को बारीकी से समझ लीजिए। Haryana Model Sanskriti School Admission 2026
15 अप्रैल के बाद नहीं मिलेगा मौका!
दाखिला प्रक्रिया की रेस शुरू हो चुकी है। विभाग ने सख्त आदेश जारी किए हैं कि समय सीमा के बाद कोई भी फॉर्म स्वीकार नहीं किया जाएगा। GMSSSS Admission Last Date
- फॉर्म भरने की आखिरी तारीख: 15 अप्रैल, 2026 ।
- किस्मत का फैसला (ड्रॉ): अगर सीटों से ज्यादा आवेदन आए, तो 16 अप्रैल को ‘लकी ड्रॉ’ के जरिए नाम चुने जाएंगे ।
- प्रतीक्षा सूची (Waiting List): वेटिंग लिस्ट वाले बच्चों का नंबर 21 अप्रैल को आएगा ।
- दूसरा राउंड: अगर फिर भी सीटें बचती हैं, तो 22 अप्रैल से दोबारा प्रक्रिया शुरू होगी ।
सीटों का खेल: कहां मिलेगी जगह?
वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों (GMSSSS) में इस बार नियम थोड़े कड़े हैं।
छठी, नौवीं और ग्यारहवीं: इन कक्षाओं में दाखिला केवल तभी होगा, जब पुरानी सीटें खाली होंगी।
11वीं वालों को फायदा: जो छात्र पहले से उसी स्कूल में पढ़ रहे हैं, 11वीं में उन्हें पहली प्राथमिकता दी जाएगी।
प्राइमरी स्कूल का ‘अंग्रेजी’ तड़का: मॉडल संस्कृति प्राथमिक स्कूलों की पहली कक्षा में केवल सिर्फ अंग्रेजी माध्यम ही चलेगा। यहां हिंदी माध्यम का कोई सेक्शन नहीं होगा।
फीस का झटका या राहत? समझें पूरा बजट
मॉडल संस्कृति स्कूल अपनी बेहतरीन सुविधाओं के लिए ‘विद्यालय विकास निधि’ (VVN) चार्ज करते हैं। यह आपकी जेब पर ज्यादा बोझ नहीं डालेगा।
- एकमुश्त रजिस्ट्रेशन फीस (सिर्फ एक बार): पहली से पांचवीं: ₹500
- छठी से बारहवीं: ₹1000
Model Sanskriti School Fees Structure
महीने का खर्चा (Monthly Fees)
- कक्षा 1 से 3: ₹200
- कक्षा 4 से 5: ₹250
- कक्षा 6 से 8: ₹300
- कक्षा 9 से 10: ₹400
- कक्षा 11 से 12: ₹500
बड़ी राहत: जिन परिवारों की सालाना आय 1.80 लाख रुपये से कम है या जो छात्र दिव्यांग हैं, उनसे कोई फीस नहीं ली जाएगी ।