Bawal News/Rewari News Today रेवाड़ी । खेल के मैदान में हौसलों की उड़ान और काम के प्रति समर्पण की अद्भुत मिसाल पेश करते हुए रेवाड़ी जिले के बावल उपमंडल के निवासी धर्मेन्द्र कुमार ने राष्ट्रीय स्तर पर बावल का मान बढ़ाया है। गुवाहाटी में आयोजित प्रतिष्ठित राष्ट्रीय लॉन बॉल प्रतियोगिता में हरियाणा का प्रतिनिधित्व करते हुए धर्मेन्द्र ने न केवल स्वर्ण पदक (Gold Medal) जीता, बल्कि यह साबित कर दिया कि प्रतिभा किसी भी परिचय की मोहताज नहीं होती।
ड्यूटी के साथ खेल का अनुशासित सफर
बावल बिजली बोर्ड कार्यालय में कंप्यूटर ऑपरेटर के पद पर कार्यरत धर्मेन्द्र कुमार उर्फ ‘डीके’ का यह सफर किसी फिल्म की कहानी से कम नहीं है। एक तरफ सरकारी दफ्तर की जिम्मेदारी, फाइलों का बोझ और कंप्यूटर के सामने घंटों बैठना, तो दूसरी तरफ लॉन बॉल के मैदान में सटीक निशाने लगाने का अभ्यास। धर्मेन्द्र ने बताया कि उन्होंने कभी भी अपनी ड्यूटी को खेल की बाधा नहीं बनने दिया, बल्कि इसे एक चुनौती के रूप में स्वीकार किया। वे सुबह जल्दी उठकर अभ्यास करते और फिर समय पर अपनी दफ्तर की जिम्मेदारियों को पूरी निष्ठा से निभाते।
गुवाहाटी में दिखाई खेल की जादुई तकनीक
राष्ट्रीय स्तर की इस प्रतियोगिता में देश भर के कई राज्यों से आए खिलाड़ियों ने भाग लिया था। कड़े मुकाबले में धर्मेन्द्र का खेल देखते ही बनता था। लॉन बॉल, जो धैर्य और मानसिक एकाग्रता का खेल है, उसमें धर्मेन्द्र ने अपने संयम और तकनीक का शानदार प्रदर्शन किया। फाइनल मुकाबले में उन्होंने विरोधी खिलाड़ियों को एकतरफा मुकाबले में पछाड़ते हुए स्वर्णिम विजय प्राप्त की। जैसे ही उन्होंने पदक जीता, हरियाणा की टीम और दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट से उनका स्वागत किया।

अधिकारियों का उत्साहवर्धन
धर्मेन्द्र की इस उपलब्धि पर बिजली विभाग के आला अधिकारियों ने गर्व व्यक्त किया है। एसई प्रदीप चौहान ने कहा, “धर्मेन्द्र हमारे विभाग का एक ऐसा रत्न है, जिसने न केवल अपनी कार्यक्षमता से बल्कि खेल के मैदान में भी विभाग का सिर ऊंचा किया है।” बावल बिजली बोर्ड के एसडीओ रविंदर कुमार ने उनके साथ बातचीत करते हुए कहा, “धर्मेंद्र की यह जीत उन लाखों युवाओं के लिए एक मिसाल है, जो यह सोचते हैं कि सरकारी नौकरी के बाद खेल या अन्य शौक के लिए समय नहीं मिलता। उन्होंने साबित किया है कि संकल्प हो तो हर मुकाम हासिल किया जा सकता है।”
गांव और समाज में गौरव की लहर
धर्मेन्द्र की जीत की खबर सुनते ही उनके गांव और बावल उपमंडल में जश्न जैसा माहौल है। मित्र, परिवारजन और स्थानीय लोग उन्हें सोशल मीडिया और व्यक्तिगत रूप से बधाई दे रहे हैं। लोगों का कहना है कि ‘डीके’ ने न केवल अपने परिवार का, बल्कि पूरे रेवाड़ी जिले और हरियाणा का नाम राष्ट्रीय मानचित्र पर चमकाया है।